Increase Text Size   Reset Default Text Size   Decrease Text Size  

Common Activities / Events of Malwanchal University

संजीवनी में देशभर के डॅाक्टर्स देंगे इमरजेंसी मेडिसिन पर ट्रेनिंग

13th April, 2023

- इंडेक्स मेडिकल कॅालेज हॅास्पिटल में आएंगे देशभर के इमरजेंसी मेडिसिन और केयर के विशेषज्ञ

- 14 से 15 अप्रैल तक इमरजेंसी मेडिसिन की नेशनल कॅान्फ्रेंस संजीवनी 2023

- इमरजेंसी मेडिसन और केयर कॉन्फ्रेंस में डॉक्टर्स हार्ट अटैक, जलने, मेडिकल इमरजेंसी की देंगे ट्रेनिंग

इंडेक्स मेडिकल कॅालेज हॅास्पिटल एंड रिसर्च सेंटर द्वारा 14 से 15 अप्रैल तक इमरजेंसी मेडिसिन की नेशनल कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया जाएगा। इंडेक्स मेडिकल कॅालेज आडिटोरियम में दो दिवसीय कॅान्फ्रेंस संजीवनी 2023 होगी। इसमें देशभर से विशेषज्ञ डॅाक्टरों के साथ सेना के विशेषज्ञ डॅाक्टर्स और एक्सपर्ट्स भी इमरजेंसी मेडिसिन और सर्विसेस के बारे में जानकारी देंगे। इंडेक्स समूह के चेयरमैन सुरेशसिंह भदौरिया और वाइस चेयरमैन मयंकराज सिंह भदौरिया के मार्गदर्शन में नेशनल कॅान्फ्रेंस संजीवनी 2023 आयोजित की जा रही है। इंडेक्स मेडिकल कॉलेज में इमरजेंसी मेडिसिन के कोर्स की भी शुरुवात भी की गई है।

इंडेक्स मेडिकल कॅालेज के डीन और कॉन्फ्रेंस चेयरपर्सन डॅा. जीएस पटेल ने बताया कि दो दिवसीय नेशनल कॅान्फ्रेंस में पेन मेडिसिन,आर्थोपैडिक इमरजेंसी मेडिसिन,डेमेज कंट्रोल आर्थोपैडिक,ड्रग रिलेटेड इमरजेंसी जैसे कई विषयों पर देशभर के विशेषज्ञ डॅाक्टर्स जानकाारी और लाइव डेमोस्ट्रेशन भी देंगे। इसमें पोस्टर प्रेजेंटेशन जैसे अलग-अलग सेशन भी रखे गए है। इंटेसिविस्ट लाइव डेमोस्ट्रेशन के जरिए , हार्ट अटैक, दुर्घटना, जलने या सांप का काटने जैसे किसी भी मेडिकल इमरजेंसी के वक्त मरीज को प्राथमिक चिकित्सा देने की ट्रेनिंग देंगे। इस दौरान सीपीआर देना भी सिखाया जाएगा।

इंडेक्स हॅास्पिटल के अधीक्षक और कॉन्फ्रेंस ऑर्गनाइजिंग सेक्रेटरी डॅा.अजयसिंह ठाकुर ने बताया कि नेशनल कॉन्फ्रेंस मेडिकल इमरजेंसी का एक सेशन रखा गया है। इसमें हार्ट अटैक, दुर्घटना, जलने आदि की स्थिति में अस्पताल पहुंचने तक कैसे केयर की जाए और जान बचाई जा सके, इसका भी एक महत्वपूर्ण सेशन रहेगा।कॉन्फ्रेंस का मुख्य उद्देश्य दूर-दराज़ के इलाकों तक क्रिटिकल इमरजेंसी केयर की सुविधा पहुंचना है। इसके लिए कॉन्फ्रेंस के दौरान नर्स और डॉक्टर्स को क्रिटिकल केयर में इस्तेमाल होने वाले इंस्ट्रूमेंट्स और मशीनों की हैंड्स ऑन ट्रेनिंग दी जाएगी।

साइंटिफिक कमेटी के चेयरमैन डॅा.रामगुलाम राजदान ने बताया कि कॉन्फ्रेंस में 200 से अधिक प्रतिभागी शामिल होंगे। विभिन्न विषयों के विशेषज्ञों के सेशन भी होंगे। इसमें इमरजेंसी मेडिसिन और क्रिटिकल केयर में नई तकनीकों की जानकारी देंगे। इससे डॉक्टरों को नई तकनीक सीखने और खुद को अपडेट करने का मौका मिलेगा। इस अवसर पर डॅा.सुधीर मौर्या,डॅा.लावेश अग्रवाल,डॅा.राहुल तनवानी,डॅा.अभय मनचंदा,डॅा.स्वाति प्रशांत,डॅा,जयंत शर्मा,डॅा.एम सैय्यद,डॅा.संगीता बंसल,डॅा.पूजा देवधर,डॅा.आभा पंडित आदि उपस्थित रहेंगे।


नेशनल कॅान्फ्रेंस संजीवनी 2023

14th April, 2023

इमरजेंसी सर्विसेस मरीज के लिए बन सकती है संजीवनी

नेशनल कॅान्फ्रेंस संजीवनी 2023 में देशभर के डॅाक्टर्स देंगे इमरजेंसी मेडिसिन पर ट्रेनिंग

इंदौर। इंडेक्स मेडिकल कॅालेज हॅास्पिटल एंड रिसर्च सेंटर,मालवांचल यूनिवर्सिटी की इमरजेंसी मेडिसिन की नेशनल कॉन्फ्रेंस संजीवनी की शुरूआत शुक्रवार को हुई। संजीवनी 15 अप्रैल तक इंडेक्स मेडिकल कॅालेज आडिटोरियम में होगी। इसमें पहले दिन देशभर से विशेषज्ञ डॅाक्टरों के साथ दिल्ली,चेन्नई, पुणे से भारतीय सेना के हॅास्पिटल और कॅालेज विशेषज्ञ डॅाक्टर्स ने इमरजेंसी मेडिसिन और सर्विसेस के बारे में जानकारी दी। इंडेक्स समूह के चेयरमैन सुरेशसिंह भदौरिया और वाइस चेयरमैन मयंकराज सिंह भदौरिया के मार्गदर्शन में नेशनल कॅान्फ्रेंस संजीवनी 2023 आयोजित की जा रही है।

देश में पहली बार इमरजेंसी मेडिसिन और सर्विसेस पर कॅान्फ्रेंस

इंडेक्स मेडिकल कॅालेज के डीन और कॉन्फ्रेंस चेयरपर्सन डॅा. जीएस पटेल ने बताया कि दो दिवसीय नेशनल कॅान्फ्रेंस में पेन मेडिसिन,आर्थोपैडिक इमरजेंसी मेडिसिन,डेमेज कंट्रोल आर्थोपैडिक,ड्रग रिलेटेड इमरजेंसी जैसे कई विषयों पर देशभर के विशेषज्ञ डॅाक्टर्स जानकारी और लाइव डेमोस्ट्रेशन दी। इंडेक्स हॅास्पिटल के अधीक्षक और कॉन्फ्रेंस ऑर्गनाइजिंग सेक्रेटरी डॅा.अजयसिंह ठाकुर ने बताया कि नेशनल कॉन्फ्रेंस इमरजेंसी मेडिसिन और सर्विसेस पर विभिन्न सेशन रखे गए। इसमें सभी स्पेशिलिटी सर्विसेस को एक मंच पर लाने की कोशिश इस नेशनल कॅान्फ्रेंस के जरिए देश में पहली बार इंडेक्स मेडिकल कॅालेज और हॅास्पिटल में गई है। इस कॉन्फ्रेंस का मुख्य उद्देश्य दूर-दराज़ के इलाकों तक क्रिटिकल इमरजेंसी केयर की सुविधा पहुंचना है।

संजीवनी कॅान्फ्रेंस इंडेक्स मेडिकल कॅालेज और हॅास्पिटल का नया प्रयास

आर्मी हॅास्पिटल पुणे के ब्रिगेडियर डॅा.चेतन सूद ने कहा कि संजीवनी 2023 नेशनल कॅान्फ्रेंस इंडेक्स मेडिकल कॅालेज और हॅास्पिटल का एक नया प्रयास है। इससे देशभर के विशेषज्ञ आर्थोपैडिक,कार्डियोलॅाजी सहित हर स्पेशलिटी के एक्सपर्ट्स को एक मंच पर लाने की कोशिश की गई है। उन्होंने कहा कि विदेशों के बाद अब भारत में इमरजेंसी सर्विसेस और मेडिसिन की अहमियत बढ़ती जा रही है। केवल डॅाक्टर ही नहीं बल्कि बच्चों से लेकर समाज तक में इमरजेंसी के दौरान उपयोग होने वाली सर्विसेस के लिए जागरूकता कार्यक्रम के साथ लोगों को इसकी अहमियत भी बताना जरूरी है। किसी भी मरीज के लिए हार्ट अटैक,हादसे के बाद शुरूआती 6 घंटे गोल्डन अवॅार्स की तरह होते है। जहां आप की सही इमरजेंसी सर्विसेस उस मरीज को जीवनदान दे सकती है।

नए विद्यार्थियों के लिए इमरजेंसी मेडिसिन कोर्स सबसे ज्यादा जरुरी

चेन्नई के आर्मी हॅास्पिटल के लेफ्टिनेंट कर्नल डॅा.जी डी एस मदान ने कहा कि इमरजेंसी मेडिसिन और सर्विसेस में डॅाक्टर का एक सही और गलत फैसला सबसे ज्यादा मायने रखता है। ऐसे समय में आपके द्वारा सबसे पहले मरीज की एमआरआई,सिटी स्कैन जैसे सभी जांच को सही तरीके से करना पहली प्राथमिकता होती है। उन्होंने कहा कि विदेशों में इमरजेंसी सर्विेसेस किसी स्पेशलिस्ट का इंतजार नहीं करती है वह तुरंत मरीज को प्राथमिक उपचार देने की शुरूआत करती है। दिल्ली आर्मी हॅास्पिटल के लेफ्टिनेंट कर्नल डॅा.वीरेन्द्र विक्रम सिंह ने कहा कि सड़क हादसा या किसी भी इमरजेंसी के दौरान मरीज का व्यवहार काफी हिंसक हो जाता है। ऐसे समय में नए डॅाक्टरों या विद्यार्थियों के लिए इमरजेंसी मेडिसिन और सर्विसेस को कोर्स होना बेहद जरूरी है। सही ट्रेनिंग के बाद ही आप मरीज के हिंसक व्यवहार के तुरंत खुद को नियंत्रित कर सकेंगे। मरीज का सही तरह से इलाज करने से पहले सभी स्थितियों को सही तरह से नियंत्रित करना बेहद जरूरी है।

सही इलाज और सही फैसला पहली प्राथमिकता

डॅा.प्रवेश काठेड़ ने पेन मेडिसिन के बारे में जानकारी दी। डॅा.अजय ए ने इमरजेंसी मेडिसिन के साथ इस दौरान उपयोग की जाने वाली सभी सर्विसेस के बारे में बताया। डॅा.अभय मनचंदा ने आर्थोपेडिक में इमरजेंसी मेडिसिन की संपूर्ण जानकारी दी। इंडेक्स हॉस्पिटल में सर्जरी विभाग के प्रोफेसर डॉ.राहुल तनवानी ने इमरजेंसी सर्विसेस में मरीज को उसके साथ हुई आकस्मिक घटना से हुई क्षति की बुरी खबर देना सबसे मुश्किल टास्क होता है। डॅा.जयंत शर्मा ने दुर्घटना के दौरान घायल मरीजों के इलाज के बारे में बताया। डॅा.एस अली सिद्दकी ने एनेस्थिसिया का इमरजेंसी मेडिसिन और सर्विसेस में बेहतर उपयोग के बारे में जानकारी दी।

इस अवसर पर मालवांचल यूनिवर्सिटी के प्रो.चांसलर डॅा.संजीव नारंग,इंडेक्स समूह के एडिशनल डायरेक्टर आर.सी यादव, हॅास्पिटल एच आर एडमिन नितिन गोठवाल,कॅान्फ्रेंस साइंटिफिक कमेटी के चेयरमैन डॅा.रामगुलाम राजदान, डॅा.सुधीर मौर्या,डॅा.लावेश अग्रवाल,डॅा.राहुल तनवानी,डॅा.अभय मनचंदा,डॅा.स्वाति प्रशांत,डॅा,जयंत शर्मा,डॅा.एम सैय्यद,डॅा.संगीता बंसल,डॅा.पूजा देवधर,डॅा.आभा पंडित,डॅा.सोनाली अग्रवाल,.डॅा.अनिल बक्षी.डॅा.रचना वर्मा,डॅा.पवन राठी डॅा.कुंदन कुशवाह,डॅा.साधना एस आदि उपस्थित रहे।


Notice Board